
छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य विभाग ने एक महत्त्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की है। सीएमएचओ के माध्यम से राज्य के सभी अस्पतालों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए गए हैं। उद्देश्य साफ है किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारियों को दुरुस्त करना। इस एडवाइजरी के तहत अस्पतालों में इमरजेंसी सेवाओं, दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता, और मेडिकल स्टाफ की पूरी उपस्थिति सुनिश्चित करने को कहा गया है। सीधा निर्देश है कोई भी स्टाफ बिना अनुमति के छुट्टी पर नहीं जाएगा, जब तक कि विशेष परिस्थिति न हो। अस्पतालों से यह भी कहा गया है कि बेड की संख्या, ऑक्सीजन की उपलब्धता, और जनरेटर या सोलर प्लांट जैसी बिजली व्यवस्था को क्रियाशील रखा जाए। सभी व्यवस्थाओं की जानकारी सीएमएचओ कार्यालय को भेजनी अनिवार्य है। खासतौर पर यह भी निर्देश दिया गया है कि हॉस्टल और अस्पताल परिसर में रहने वाले स्वास्थ्यकर्मी भी पूरी तरह से अलर्ट मोड में रहें। सभी स्तर पर समन्वय बनाए रखना और हर परिस्थिति के लिए तैयार रहना अब अनिवार्य है।सिम्स प्रबंधन एवं स्वास्थ्य विभाग का यह कदम संभावित आपदा, मौसमी बदलाव या किसी अन्य गंभीर परिस्थिति को ध्यान में रखकर उठाया गया है। इस एडवाइजरी का उद्देश्य है सभी स्वास्थ्य संस्थानों को हाई अलर्ट पर रखना और किसी भी प्रकार की ढिलाई से बचना। ऐसे समय में जब चुनौतियाँ बढ़ रही हैं, व्यवस्था की मजबूती ही सुरक्षा की गारंटी है। अस्पतालों की सजगता ही प्रदेश की सेहत का पहरा है।




