
बिलासपुर में हिंदवी स्वराज के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज के जीवन पर आधारित विश्व-प्रसिद्ध ऐतिहासिक महानाट्य ‘जाणता राजा’ का भव्य आगाज़ हुआ। प्रथम दिन से ही इस विराट प्रस्तुति ने राष्ट्रभावना, न्याय और स्वराज के संदेश के साथ दर्शकों को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी रही, जबकि संभाग भर से हजारों नागरिक इस ऐतिहासिक मंचन के साक्षी बने।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा भारत माता, छत्तीसगढ़ महतारी और स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण तथा माँ भवानी की आरती के साथ हुआ। लगभग तीन घंटे चले मंचन में भव्य मंच सज्जा, सजीव युद्ध दृश्य, प्रभावशाली प्रकाश-ध्वनि संयोजन और दमदार संवादों ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा। प्रस्तुति के दौरान राष्ट्रवाद, स्वराज और न्याय का संदेश बार-बार तालियों की गूंज में सुनाई दिया।

आयोजकों के अनुसार महानाट्य का मंचन 14 और 15 फरवरी को भी जारी रहेगा। नागरिकों से सपरिवार उपस्थित होकर शिवाजी महाराज के जीवन से प्रेरणा लेने की अपील की गई है। पहली बार आयोजित इस भव्य प्रस्तुति ने शहर में सांस्कृतिक उत्साह के साथ नई पीढ़ी को इतिहास और राष्ट्रसेवा के मूल्यों से जोड़ने का प्रभावी प्रयास किया है।




