
सीपत थाना क्षेत्र के तुंगन नाला में हरेली के दिन बह गई वेगनआर कार का मामला अब दर्दनाक मोड़ पर पहुंच गया है। शनिवार दोपहर तीन साल के मासूम तेजस का शव नाले के पास झाड़ी में फंसा हुआ बरामद किया गया। शव SDRF और ग्रामीणों की लगातार 44 घंटे की तलाश के बाद मिला।बुधवार की शाम पुल पार करते समय कार तेज बहाव में बह गई थी, जिसमें खम्हारिया निवासी मोहनलाल साहू समेत 9 लोग सवार थे। आठ लोगों को ग्रामीणों ने बचा लिया लेकिन तेजस और कार लापता थे। शुक्रवार को कार 15 फीट गहराई में मिल गई, लेकिन बच्चा उसमें नहीं था।शनिवार को फिर शुरू हुए सर्च ऑपरेशन में, घटनास्थल से 500 मीटर दूर बबूल की झाड़ी में फंसा तेजस का शव मिला। लंबे समय तक पानी में रहने से शव सड़ चुका था। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, जबकि पूरे गांव में मातम पसरा है।ग्रामीणों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि 30 साल पुराना तुंगन पुल अब तक जर्जर है। न कोई रेलिंग, न चेतावनी बोर्ड। हर साल इसी तरह हादसे होते हैं लेकिन प्रशासन आंख मूंदे बैठा है। लोगों ने इस जानलेवा पुल की मरम्मत और सुरक्षा की मांग की है।




