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दसवीं और बारहवीं बोर्ड परीक्षाओं की कापियां का मूल्यांकन में भारी अव्यवस्था, जांच और ट्रेनिंग के बीच अटकी है बच्चों का भविष्य।

एक ओर जहां लोकसभा चुनावों की चर्चा चल रही है, तो दूसरी तरफ विद्यार्थियों में अपनी परीक्षा के परिणाम जानने की उत्सुकता बढ़ रही है। छग में अभी स्थानीय कक्षाओं की परीक्षाएं तो चल ही रहीं हैं, लेकिन बोर्ड की अहम परीक्षाएं हो चुकी हैं। 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं की कॉपियों का मूल्यांकन भारी अव्यवस्था के बीच शनिवार से शुरू कर दिया गया। कापी जांचने के लिए जिनकी ड्यूटी लगी है, वे सुबह 10.30 बजे मल्टीपरपज, महारानी स्कूल पहुंच गये। इसके बाद सभी को ट्रेनिंग दी गई, कि कॉपियां कैसे जांची जानी है।

भारी अवस्थाओं के बीच 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओ का मूल्यांकन शुरू हुआ, मल्टीपरपज और महारानी स्कूल में मूल्यांकन कार्य किया जा रहा है। सुबह से शिक्षक स्कूल पहुंच गए लेकिन दोपहर 2:30 बजे तक भी उन्हें कॉपियां जचने के लिए नहीं मिली और वही सहायक संचालक का कहना है कि 10 दिनों के भीतर कॉपियां जंच जाएंगी। उनका कहना है जांच के लिए सभी शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया, प्रशिक्षण के बाद कापी जचने दी जाएगी। जबकि समय पर कॉपियां नहीं मिलने से शिक्षक स्कूल परिसर में ही यहां वहां टहलते नजर आए।

महारानी स्कूल में भी जांच कार्य किया जा रहा है, 10 दिनों में काफी जांचेंगी। वही महारानी स्कूल में कुल 56,000 उत्तर पुस्तिकाएं आई हैं जिसमें 400 शिक्षकों को लगाया गया है। पहले दिन 200 शिक्षक ही उपस्थित हुए। प्रभारी प्राचार्य का कहना है कि पहले दिन पांच कॉपी दी जाएगी फिर दूसरे दिन 10 कॉपी फिर तीसरे दिन से प्रथम पाली में 20 कॉपी और दूसरी पाली में 20 कॉपी किस प्रकार 40 कॉपी प्रतिदिन जांची जाएगी और तय समय में जांच कार्य पूरा कर लिया जाएगा।

बोर्ड के निर्देश हैं कि पहले दिन एक शिक्षक को 2 से 3 कॉपियां ही दी जाएंगी। इसके बाद अगले दिन पांच से अधिक कॉपियां दी जाएंगी। होली के बाद मूल्यांकन में तेजी आएगी। लोकसभा चुनाव को देखते हुए कॉपियां इस बार तेजी से जांचने के निर्देश दिए गए हैं। बोर्ड का दावा है कि अप्रैल माह में हर हाल में रिजल्ट घोषित कर दिया जाएगा। इस बार 42,509 स्टूडेंट्स शामिल हुए थे। इनमें 10वीं की परीक्षा में 23,670 परीक्षार्थी शामिल हुए, जबकि 12वीं बोर्ड की परीक्षा 18,839 बच्चों ने दी। इन सभी बच्चों को अपने रिजल्ट का बेसब्री से इंतजार है। इस बार लोकसभा चुनावों को देखते हुए बोर्ड के रिजल्ट भी जल्दी घोषित करने की बात कही जा रही है।

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