
अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय में प्रतिमा स्थापना के दौरान हुई गंभीर दुर्घटना ने प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विश्वविद्यालय परिसर में बिरसा मुंडा की प्रतिमा स्थापित करते समय मूर्ति असंतुलित होकर गिर गई, जिसकी चपेट में आने से एक श्रमिक बुरी तरह घायल हो गया। बताया जा रहा है कि मजदूर को गंभीर चोटें आई हैं और उसके दाहिने पैर व सिर में गहरी चोट लगी है।छात्रों का आरोप है कि कुलपति का कार्यकाल समाप्त होने से पहले प्रतिमा का अनावरण कराने की जल्दबाजी में बिना पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था के काम कराया जा रहा था।

मौके पर मजदूरों को न हेलमेट दिया गया था और न ही अन्य सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे। छात्रों के अनुसार क्रेन ऑपरेटर पर भी जल्द काम पूरा करने का दबाव बनाया जा रहा था, जिससे संतुलन बिगड़ने पर मूर्ति सीधे श्रमिक पर गिर गई।घटना से आक्रोशित छात्र-छात्राओं ने विश्वविद्यालय परिसर में प्रदर्शन किया और कुलसचिव को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच तथा दोषी अधिकारियों, ठेकेदार और संबंधित कर्मियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की। छात्रों ने आरोप लगाया कि घायल श्रमिक को आनन-फानन में निजी अस्पताल ले जाकर मामले को दबाने की कोशिश की गई।विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।




