रतनपुर थाना अंतर्गत जमीन के एक सीमांकन के दौरान हुई मारपीट मे पुलिस द्वारा की गई कार्यवाही को लेकर पीड़ित अरविन्द जायसवाल पत्रकारों की चर्चा करते हुये बताया की…..
आज दिनांक 30.11.2023 को *रतनपुर थाना अंतर्गत जमीन विवाद को लेकर मारपीट के संबंध में पीड़िता अरविंद जायसवाल के द्वारा प्रेस वार्ता प्रेस क्लब मे लिया गया |* सहायक उप निरीक्षक हेमन्त सिंह द्वारा अपनी पत्नी श्रीमती नेहा सिर के नाम से थाना-रतनपुर के अपराध कमांक 614/2022 के अपराधी निरजंन सिंह की पत्नी श्रीमती नीतू सिंह से भूमि रतनपुर स्थित खसरा नंबर-606/5 में से 1750 वर्गफीट भूमि दिनांक 07/09/2022 मो खरीदने के 02 दिन पश्चात् सिम्स अस्पताल बिलासपुर में सी.टी. स्केन एवं जांच में नार्मल पाये जाने के उपरांत क्वेरी में गंभीर चोट लिखदाकर थाना-रतनपुर के अपराध कमांक-615/2022 में आपराधिक बडयन्त्र तहत् धारा-307 जोड़कर गिरफ्तारी करने की शिकायत बाबत्
मैं ग्राम-मोहदा थाना-रतनपुर में निवास करता हूँ तथा कृषि कार्य करता हूँ दिनांक 16/07/2022 को गांधीनगर रतनपुर में सीमांकन के समय आपस में झुमा-झपटी, गाली-गलौच हुआ था जिस पर अपराध कमांक-614/2022 ए 615/2022 धारा-294, 506, 323, 34 भा. द. वि. दोनों तरफ से दर्ज किया गया था।
सहायक उप निरीक्षक हेमन्त सिंह उक्त प्रकरण का विवचना कर रहा था। जो कि निरंजन सिंह अपराध कमांक-614/2022 का अपराधी है कि पत्नी का भूमि जो मौजा -रतनपुर खसरा नंबर-37/17 में स्थित है। जिसका उ.नं-60e/5 से 1750 वर्गफीट जिसका बजारू कीमत-1,28,000/-रु. है। जबकि वास्ताविळ कीमत यहां लगभग 12,00,000/-रु है को लेने बाबत् सौदा किया था।
उक्त भूमि को निरंजन सिंह से लेने हेतु सौंदा करने उपरात निरजर सिंह एवं राजेश सिंह से सांठ-गांठ कर डॉक्टर अविनाश सिंह से निरंजन सिंह राजेश सिंह एवं सहायक उप निरीक्षक हेमन्त सिंह अपराधिक षड़यंत्र किये एवं त्त्पश्चात राजेश सिंह क्षत्रीय को सिम्स रीफर कराये, जहां सिम्स में दिनांक 16/07/2022 का भर्ती किया जाकर सी.टी. स्केन एवं ईलाज किया गया जिसमें सिर में नार्मल अर्थात गंभीर या अस्थिभंग का चोंट नहीं पाया गया एवं दिनांक 17/07/2022 को डिस्वार्ज किया गया। सहायक उपनिरीक्षक हेमंत सिंह द्वारा दिनांक 07/09/2022 को अपनी
पत्नी के नाम से आहत की भाभी श्रीमती नीतू सिंह से भूमि की रजिस्ट्री कराया एव
सिम्स अस्पताल द्वारा कराये गये सी.टी. स्केन की रिपोर्ट को छिपाते हुए आपराधिक षडयंत्र के परिप्रेक्ष्य में अविनाश सिंह से क्वेरी रिपोर्ट मांगा, जिस पर डॉ. अविनाश सिंड सी.एच.सी. रतनपुर द्वारा गंभीर/मृत्यु संभावित रिपोर्ट दिया गया, जबकि सिम्स अस्पताल के डॉक्टर द्वारा सी.टी. स्केन एवं अन्य जांच कराया गया है जिसमें नार्मल पाया गया है, तब उक्त सी.टी. स्केन को छिपाते हुए गंभीर चोंट होना दर्शाकर धारा 307 लगाकर निर्दोष लोगों को फंसाया जाकर जेल में निरूद्ध कराया गया है।
उक्त षडयंत्र में निरीक्षक शरद चन्द्रा, थाना प्रभारी श्री साहू, निरंजन सिंह, राजेश सिंह एवं डॉ. अविनाश सिंह शामिल है, जिनके द्वारा नार्मल चॉट को गभीर चोंट बताकर फर्जी दस्तावेज तैयार कर धारा 307 लगवाया गया है और जिसके कारण निर्दोष लोगों को जेल में निरूद्ध रहना पड़ रह है। अतः महोदय वरिष्ठ एवं निष्पक्ष अधिकारी से जांच कराई जाकर सहायक उपनिरीक्षक हेमन्त सिंह तथा अपराधिक षडयंत्र करने वाले के विरुद्ध उचित कार्यवाही करायी जाये एवं दण्डित किये जाने की कृपा हो।





