विजयादशमी के दिन भगवान श्री राम ने आततायी रावण का वध किया था। बार-बार सर कटने के बाद भी रावण नहीं मारा जा रहा था , जिसके बाद श्री राम ने अपने शस्त्रों का पूजन कर देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त किया, जिससे उन्हें विजय प्राप्त हुई। यही कारण है की विजयदशमी पर शस्त्र पूजन की परंपरा है। विजयादशमी का त्यौहार शनिवार को धूमधाम से मनाया गया ।

विजयादशमी पर पुलिस विभाग के अफसरों ने शस्त्र पूजन की परंपरा निभाई। शस्त्र पूजन का कार्यक्रम शनिवार को पुलिस लाइन में आयोजित किया गया।पुलिस लाइन के शस्त्रागार में सभी आधुनिक हथियारों की साफ-सफाई कर प्रदर्शनी लगाई गई।

इस दौरान सुबह एसपी सहित अधिकारीयों ने शस्त्रों की पूजा की। विधि विधान से पूजन कर हवन आहुति दी।पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने बताया कि विजयादशमी असत्य पर सत्य की जीत का पर्व है। पुलिस लाइन में इस दिन हथियारों की पूजा करने की परंपरा रही है। शस्त्रों की पूजा के बाद एसपी रजनेश सिंह सहित पुलिस अफसरों ने बंदूक उठाकर बारी बारी से हवाई फायरिंग भी की। कार्यक्रम में एडिशनल SP सिटी उमेश कश्यप , एडिशनल SP ग्रामीण अर्चना झा,नीरज चंद्राकर, अनुज कुमार, सीएसपी निमितेश सिंह परिहार रक्षित निरीक्षक भूपेंद्र गुप्ता सहित पुलिस अफसर मौजूद रहे।

विजय दशमी के अवसर पर प्रति वर्ष शस्त्र पूजा की जाती है ताकि रायफल, गोला- बारूद, वाहन और अन्य संसाधनों की पूजा कर ज़िला में शांति व्यवस्था बने रहे और माँ दुर्गा से शांति व्यवस्था बनाने के लिए आशीर्वाद मिलता रहे।इस दौरान बिलासपुर ज़िला के पुलिस अधिकारी कर्मचारीयों ने एक दूसरे को और ज़िला के समस्त नागरिकों को दुर्गा पूजा- नवरात्रि, विजय दशमी की बधाई और शुभकामनायें दी।





