वीर बाल दिवस, 2020 में प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने घोषणा की सिख धर्म के 10 वें गुरु, गुरु गोबिंद सिंह के छोटे गीतों जोरावर सिंह और फतेह सिंह की शहादत के कारण
हर साल 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस के रूप में मनाया जाएगा. गुरु गोबिंद सिंह के दो बेटों जोरावर (9 वर्ष) और फतेह (7 वर्ष) को मृत्युदंड दिया गया. उन्हें जिंदा ईंटों से ठोंक दिया गया था लिहाजा उसे समय से 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस मनाने की शुरुआत हुई जो हर वर्ष सिख समाज मानता आ रहा है बिलासपुर में भी वीरपाल दिवस के मौके पर इसे शहीदी सत्ता के रूप में मनाया गया जिसमें प्रतिदिन विभिन्न कार्यक्रम के माध्यम से वीर बाल की जीवनी को बताया गया तो वही 26 दिसंबर मंगलवार को दयालबंद गुरुद्वारे में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव , तखतपुर विधायक धर्मजीत सिंह और बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला गुरुद्वारे में अरदास करने पहुंचे जहां उन्होंने गुरु के समक्ष माथा टेकते हुए अरदास किया इस मौके पर उन्होंने बालकों के कुर्बानी को याद करते हुए उन्हें नमन किया और उनके व्यक्तित्व पर भी प्रकाश डाला। इस मौके पर वीर बाल दिवस के जिला संयोजक अमरजीत दुआ, दयालबंद गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के अध्यक्ष नरेंद्र पाल सिंह गांधी, समाजसेवी मंजीत सिंह गुंबर सहित बड़ी संख्या में सिख समाज के सदस्य शामिल रहे.









