
नदियों पर बनने वाले पुल की सुरक्षा के लिए प्रशासनिक स्तर पर यहां रेलिंग लगाए जाते हैं जिससे आवाजाही के दौरान सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम हो सके लेकिन देखा जा रहा है कि कुछ पुलों में रेलिंग नहीं होने से बारिश के दिनों में नदी में सुरक्षा की दृष्टिकोण से ज्यादा व्यवस्था नहीं होती जिसकी वजह से यहां हाथ से का अंदेशा हमेशा बना रहता है । कुछ यही समस्या पिछले कुछ सालों से नजर आ रही है शनिचरी के रपटा पुल में। शहर को दूसरे छोर में बांटने वाले अरपा नदी पर बना यह पुल ब्रिटिश काल का है समय के साथ इस पुल में आवाजाही बढ़ती गई और अब यह चिंगराजपारा, सरकंडा को जोड़ने वाला प्रमुख पुलों में से एक है लेकिन इस पुल पर सुरक्षा के दृष्टिकोण से कोई भी खास इंतजाम नहीं है।पुल के दोनों और रेलिंग नहीं लगाई गई है जिससे आम दिनों में तो यहां खतरा रहता ही है बारिश के दिनों में यहां खतरा और बढ़ जाता है मौजूदा समय में जिस तरह से अरपा में पानी का बहाव तेज हुआ है ऐसे में पुल पर रेलिंग नहीं होने से दुर्घटना की संभावना और बढ़ गई है खासतौर पर रात्रि कालीन समय में यहां विद्युत की भी व्यवस्था नहीं है जिससे समस्या और बढ़ गई है इस संबंध में नगर निगम की महापौर को अवगत कराया गया तो उन्होंने तत्काल जोन कमिश्नर को पुल पर रेलिंग बनाने के लिए प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए हैं आगामी अगले सप्ताह मेयर इन काउंसिल की बैठक होगी जिसमें इस प्रस्ताव को स्वीकृत किया जाएगा और मुमकिन है कि 1 से 2 महीना में पुल पर रेलिंग लगाने का काम शुरू हो जाएगा निश्चित तौर पर इस व्यवस्था से इस पुल से आवाजाही करने वाले लोगों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से सुविधा होगी।




