
सावन मास की भक्ति यात्रा में जुटे बिलासपुर के सैकड़ों श्रद्धालु शनिवार देर रात साउथ बिहार एक्सप्रेस से सुल्तानगंज पहुंच गए। गुलाबी गुलाबों से सजी ट्रेन से जब ‘हर-हर महादेव’ के जयकारे गूंजे तो स्टेशन पर माहौल पूरी तरह शिवमय हो गया। भोले की फौज गोडपारा द्वारा सजे भव्य दरबार ने पूरे रास्ते श्रद्धा की अनूठी मिसाल पेश की।

रविवार की सुबह श्रद्धालुओं ने सुल्तानगंज में गंगा तट पर स्नान कर विधिवत जल भराई की। गंगा मैया से आशीर्वाद लेने के बाद सभी ने शिवभक्ति का संकल्प दोहराया। अब 105 किलोमीटर लंबी पैदल यात्रा शुरू हो गई है, जो देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम तक पहुंचेगी। यात्रा के दौरान डमरू, झांझ-मंजीरे और भजनों की गूंज लगातार शिवत्व का एहसास करवा रही है।

इस पवित्र यात्रा में बिलासपुर के श्रद्धालु राजेंद्र श्रीवास्तव, नीरज तिवारी, अंशुल सोनी, शशिकांत मिश्रा, राजा शर्मा, अंकुश चौधरी, ईशू रजक, गोलू श्रीवास्तव, विकास झा, रोशन सहित अन्य पूरे जोश और श्रद्धा के साथ आगे बढ़ रहे हैं।भोले की यह भक्ति यात्रा अब 17 जुलाई को देवघर पहुंचकर बाबा बैद्यनाथ को गंगाजल अर्पण के साथ सम्पन्न होगी। श्रद्धालुओं ने बताया कि यह यात्रा सिर्फ कर्म नहीं, भाव है; और बाबा का आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी मंज़िल।




