
गोंडवाना समाज के द्वारा रतनपुर कोटा मोड़ सनीचरी के पास कवर्धा जाते समय अपने गुरु महराज दूरगे भगत का आतिशबाजी के साथ भब्य स्वागत किया गया जहां उनके समाज के लोगों ने द्वारा उन्हें फूल माला पहना कर उनका स्वागत किया गया,राष्ट्रीय चिल्हीडार महापुजा एवं बेटा जौतिया महाव्रत का आयोजन, क्वांर अष्टमी अंधियारी पक्ष मे राष्ट्रीय , गोंडी धर्म संस्कृति संरक्षण समिति व छ.ग. गोंडवाना संघ के संयुक्त तत्वधान में होने वाले कार्यक्रम के लिए कवर्धा जाते समय उनका भब्य स्वागत किया गया, पत्रकारों से बातचीत की दौरान आदिवासी गुरु महाराज ने कहा कि वर्तमान में जनगणना होने वाली है

जिसमें 2011 के गणना के तहत सरकार ने कालम 6 के साथ एक कालम सातवां भी रख दिया था भारत सरकार के तहत 6 धर्म को मान्यता प्राप्त है उन्होंने कहा की एक सातवां कलाम भी था जिसके तहत हम अपने- धर्म का उल्लेख करते थे अभी वर्तमान में वह सातवां कलाम हटा दिया गया है उन्होंने अपने पत्रकार वार्ता में कहां की हम सरकार से पूछना चाहते हैं कि हम अपना धर्म क्या लिखे सरकार से उन्होंने मांग करते हुए कहां की उनका सातवां कलम दिया जाए जिससे वह अपने का उल्लेख कर सके, सातवां कालम नहीं जोड़ने पर उन्होंने देश स्तर पर आंदोलन की बात कही, उसके बाद वह कवर्धा के लिए रवाना हो गए।




