
बिलासपुर। जिला पंचायत की सामान्य सभा में विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में जनहित से जुड़े विषयों पर जनप्रतिनिधियों ने अफसरों से सीधे सवाल किए। कई विभागों की लापरवाही और कामकाज में ढिलाई को लेकर जनप्रतिनिधियों ने नाराज़गी भी जताई। सभा की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी और जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल की उपस्थिति में बैठक संचालित हुई। सभा के दौरान लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों को सड़कों की खराब स्थिति को लेकर कड़ी फटकार लगाई गई।

जनप्रतिनिधियों ने बताया कि कई ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कों की हालत बेहद खराब है, जिससे लोगों को आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस पर PWD अधिकारियों को जल्द से जल्द सड़क निर्माण और मरम्मत का काम प्राथमिकता से शुरू करने के निर्देश दिए गए। बैठक में शिक्षा व्यवस्था भी बड़ा मुद्दा रही। जिला शिक्षा अधिकारी विजय टांडे को पंचायत सदस्यों ने स्कूलों में शिक्षकों की कमी और जर्जर स्कूल भवनों की स्थिति को लेकर सवालों के घेरे में लिया।

इस पर जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए गए कि जहां–जहां शिक्षक नहीं हैं वहां शीघ्र पदस्थापना की जाए और जर्जर विद्यालय भवनों की मरम्मत का प्रस्ताव तैयार कर जल्द कार्रवाई की जाए। धान खरीदी का मुद्दा भी सामान्य सभा में प्रमुख रूप से उछला। जनप्रतिनिधियों ने धान खरीदी केंद्रों में हो रही अनियमितताओं और तकनीकी परेशानियों को विस्तार से रखा। किसानों को टोकन, तौल और भुगतान में आ रही दिक्कतों पर चिंता जताई गई।

अधिकारियों से कहा गया कि धान खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए तत्काल ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि किसानों को समय पर और उचित भुगतान मिल सके। सामान्य सभा में मौजूद अधिकारियों को चेतावनी भरे अंदाज़ में कहा गया कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिला पंचायत अध्यक्ष और सीईओ ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क, शिक्षा, कृषि और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए। साथ ही तय समयसीमा में कार्य पूर्ण करने और जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण पर विशेष ज़ोर दिया गया।




