
जनजाति समाज के गौरवशाली अतीत, उनके ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक योगदान को रेखांकित करने के उद्देश्य से बुधवार को लखीराम ऑडिटोरियम में जनजाति युवा समागम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन जनजाति गौरव दिवस आयोजन समिति द्वारा किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में युवा, बुद्धिजीवी तथा समाज के वरिष्ठजन शामिल हुए।इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

उन्होंने जनजातीय समाज के समृद्ध इतिहास, उनकी परंपराओं, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सरकार जनजातीय समुदायों के सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सांस्कृतिक संरक्षण के लिए कई योजनाओं को मजबूत रूप से लागू कर रही है।कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों तथा समाज के प्रतिनिधियों ने जनजाति गौरव दिवस के महत्व पर चर्चा की और यह भी बताया कि किस प्रकार जनजातीय युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए नए अवसर तैयार किए जा रहे हैं। समागम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ जनजातीय समाज की मूल पहचान और विरासत को संरक्षित करने के प्रति सामूहिक संकल्प भी लिया गया।




