
बिलासपुर में बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। कोनी स्थित शासकीय कुक्कुट प्रक्षेत्र को संक्रमण का केंद्र मानते हुए सख्त कंटेनमेंट प्लान लागू किया गया है। कलेक्टर और एसएसपी ने खुद मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया और अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। बिलासपुर के कोनी स्थित शासकीय कुक्कुट पालन प्रक्षेत्र में Avian Influenza की पुष्टि होते ही प्रशासन हरकत में आ गया।

कलेक्टर संजय अग्रवाल ने तत्काल प्रभाव से प्रभावित क्षेत्र के 1 किलोमीटर दायरे को ‘इन्फेक्टेड जोन’ और 10 किलोमीटर तक के क्षेत्र को ‘सर्विलांस जोन’ घोषित कर दिया है। पूरे इलाके में सघन निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी गई है।संक्रमण की पुष्टि के बाद रैपिड रिस्पॉन्स टीमों का गठन किया गया है, जो संक्रमित पक्षियों की कुलिंग, निपटान और पूरे क्षेत्र में सैनिटाइजेशन का कार्य कर रही हैं। प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मरे हुए पक्षियों और अपशिष्टों का निपटान पूरी तरह जैव सुरक्षा मानकों के तहत किया जाए, ताकि संक्रमण का फैलाव रोका जा सके।

इन्फेक्टेड और सर्विलांस जोन में पोल्ट्री उत्पादों—जैसे मुर्गी, अंडे और दाने—की बिक्री, परिवहन और भंडारण पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। चेकपोस्ट बनाकर पोल्ट्री मूवमेंट पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। डोर-टू-डोर सप्लाई तक को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है।स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि प्रभावित क्षेत्र में रहने वाले लोगों और कुक्कुट फार्म के कर्मचारियों की नियमित स्वास्थ्य जांच की जाए। किसी भी संदिग्ध लक्षण पर तुरंत सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा जाएगा और जरूरत पड़ने पर एंटीवायरल दवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

कलेक्टर संजय अग्रवाल और एसएसपी रजनेश सिंह ने देर रात कोनी क्षेत्र का दौरा कर मौके पर चल रही कार्रवाई का निरीक्षण किया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि कंटेनमेंट जोन में अनावश्यक आवाजाही पर सख्ती से रोक लगाई जाए और सभी विभाग आपसी समन्वय से तेजी से काम करें।प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से बचें और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें। साथ ही किसी भी संदिग्ध स्थिति की सूचना तुरंत कंट्रोल रूम या संबंधित अधिकारियों को देने के लिए कहा गया है, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।




