
छत्तीसगढ़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज़ की नई प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा सोमवार को रायपुर में की गई, जिसमें बिलासपुर के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की गई। चैम्बर के 50 वर्षों के लंबे इतिहास में पहली बार बिलासपुर से किसी पदाधिकारी को कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। इतना ही नहीं, उनके अधीन संगठन, संविधान संशोधन, और समन्वय जैसे तीन प्रमुख विभागों की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है।प्रदेश अध्यक्ष सतीश धीरानी द्वारा घोषित इस नई कार्यकारिणी में वरिष्ठ संरक्षक मंडल से लेकर चेयरमेन, वाइस चेयरमेन और प्रमुख सलाहकारों तक की नियुक्तियाँ की गई हैं। लेकिन सबसे अधिक चर्चा का विषय बिलासपुर से कार्यकारी अध्यक्ष की नियुक्ति बना हुआ है, जो कि अब तक रायपुर या दुर्ग-भिलाई जैसे क्षेत्रों तक सीमित रहा करता था।चैम्बर के भीतर बिलासपुर लंबे समय से प्रतिनिधित्व की मांग कर रहा था। स्थानीय व्यापारी संगठनों ने कई बार यह मांग उठाई थी कि प्रदेश की दूसरी सबसे बड़ी व्यावसायिक नगरी को भी वाजिब भागीदारी मिले। यह नियुक्ति न केवल उस संघर्ष की जीत है, बल्कि इससे बिलासपुर के व्यापारियों की भागीदारी और सक्रियता को भी नई दिशा मिलेगी।




