
आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ ने राज्य में धान खरीदी को लेकर किसानों की समस्याओं का हवाला देते हुए सरकार से खरीदी की समय-सीमा 10 फरवरी तक बढ़ाने की मांग की है। पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने कहा कि खरीदी में देरी, पंजीयन व रकबा सुधार जैसी दिक्कतों के चलते किसान परेशान हैं, लेकिन सरकार लगातार अनदेखी कर रही है। किसान विंग अध्यक्ष तारेंद्र चंद्राकर ने स्वर्णा धान को बारीक धान की श्रेणी में शामिल करने और छूटे किसानों को प्रक्रिया पूरी कराकर खरीदी में शामिल करने की मांग रखी।प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक मिश्रा ने धान खरीदी राशि के भुगतान में जिला सहकारी बैंकों की अनिवार्यता खत्म कर अन्य बैंकों में भी भुगतान की सुविधा देने की मांग की। उन्होंने किस्तों में भुगतान की व्यवस्था समाप्त कर जरूरत के अनुसार पूरी राशि एकमुश्त देने, केंद्रों में फोटो खींचने की अनिवार्यता हटाने और समय पर डीओ जारी कर परिवहन अनुबंध पूरा करने की बात कही, ताकि जाम और खरीदी बाधित होने की स्थिति न बने।प्रदेश प्रवक्ता प्रियंका शुक्ला ने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों से किसानों और सोसायटियों को नुकसान हो रहा है। उन्होंने सूखत के नुकसान का भुगतान, डेली लिमिट बढ़ाने, खरीदी केंद्रों में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने और किसानों को अधिक एटीएम सुविधा देने की मांग की। आम आदमी पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो 5 फरवरी 2025 को किसानों के साथ प्रदेशव्यापी उग्र आंदोलन किया जाएगा।




