साहू समाज की आराध्य देवी कर्मादेवी सेवा, त्याग और भक्ति समर्पण की देवी हैं। कर्माबाई की गौरव गाथा जनमानस में श्रद्धा तथा भक्तिभाव से वर्षों से चली आ रही है। मां कर्मादेवी का जन्म पापमोचनी एकादशी के दिन उत्तरप्रदेश के झांसी नगर में चैत्र कृष्ण पक्ष की एकादशी को हुआ था। मां कर्मादेवी बाथरी वंश की थीं। उनमें बाल्यावस्था से ही धार्मिक कहानियां सुनने की रुचि हो गई थी। कर्माबाई को जितना भी समय मिलता था, वह समय वह भगवान श्रीकृष्ण के भजन-पूजन और ध्यान आदि में लगाती थीं। उन्हीं के मार्गदर्शन पर चलते हुए साहू समाज प्रतिवर्ष चैत्र शुक्ल पक्ष की एकादशी को माता की जयंती मनाती है लिहाजा मंगलवार को भक्त माता कर्मा जयंती के अवसर पर बिलासपुर के सरकंडा क्षेत्र में मौजूद बहतराई चौक मैं माता कर्मा जयंती मनाई गई जहां साहू समाज के लोगों ने अपने आराध्य माता की पूजा अर्चना कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया वहीं मान्यता अनुसार माता को खिचड़ी का भोग लगाकर प्रसाद वितरित किया गया।




