
बेलगहना परिक्षेत्र के भनवारटंक इलाके में बाघिन के विचरण की पुष्टि के बाद वन विभाग ने इस क्षेत्र को अस्थायी रूप से संवेदनशील घोषित कर दिया है। मरिमाई मंदिर के आसपास बाघिन देखे जाने की सूचना के बाद विभाग ने पर्यटकों और स्थानीय निवासियों से सुरक्षा के मद्देनजर क्षेत्र में जाने से बचने की अपील की है।
वन विभाग के अधिकारी सतर्क
वन विभाग ने क्षेत्र में नियमित निगरानी शुरू कर दी है और स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है। विभाग का कहना है कि बाघिन के स्वाभाविक व्यवहार को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है ताकि मानव-वन्यजीव संघर्ष की कोई घटना न हो।
दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील
वन विभाग ने पर्यटकों से अनुरोध किया है कि वे विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और किसी भी प्रकार से वन्यजीवों को परेशान न करें। पर्यटकों और स्थानीय लोगों से अपेक्षा की गई है कि वे इस क्षेत्र से फिलहाल दूर रहें और विभाग का सहयोग करें।
संपर्क की जानकारी
अधिक जानकारी या सहायता के लिए वन विभाग के निकटतम कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है। वन विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह कदम न केवल लोगों की सुरक्षा के लिए, बल्कि बाघिन के संरक्षण के लिए भी महत्वपूर्ण है।




