
इंडिगो एयरलाइन द्वारा लगातार उड़ानें रद्द किए जाने के बाद अब विवाद गंभीर रूप ले चुका है। छत्तीसगढ़ सिविल सोसायटी ने एयरलाइन को कानूनी नोटिस जारी किया है। केवल छह दिनों में 3450 से ज्यादा उड़ानें रद्द होने से हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सोसायटी के संयोजक डॉ. कुलदीप सोलंकी ने इसे उपभोक्ता अधिकारों का बड़ा उल्लंघन बताया है और एयरलाइन पर DGCA गाइडलाइन, अनुबंध अधिनियम और उपभोक्ता संरक्षण कानून तोड़ने का आरोप लगाया है।नोटिस में मांग की गई है कि एयरलाइन हर प्रभावित यात्री को टिकट की राशि का दस गुना मुआवजा दे, साथ ही होटल, यात्रा और अन्य अतिरिक्त खर्चों की भरपाई करे वह भी 5 दिनों के भीतर। सोसायटी ने यह भी कहा है कि इस मुद्दे को प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और नागरिक उड्डयन मंत्री तक पहुंचाया गया है। मांग की गई है कि इंडिगो पर 9000 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया जाए। चेतावनी दी गई है कि यदि एयरलाइन जवाब नहीं देती, तो NCDRC में सामूहिक याचिका दायर की जाएगी और कंपनी प्रबंधन पर आपराधिक मामला भी दर्ज किया जाएगा।




