पवित्र कांवड़ यात्रा को लेकर सोशल मीडिया और प्रिंट मीडिया में लगातार आपत्तिजनक पोस्ट और खबर प्रकाशित करने वालों के खिलाफ सनातनी हिंदू समाज ने विरोध दर्ज कराते हुए सिविल लाइन थाने में शिकायत की है।




तथाकथित फर्जी संत और उनके चेलों द्वारा अपने गुप्त एजेंडे के तहत लगातार हिंदू धर्म को टारगेट किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर फर्जी संत रामपाल के अनुयायी पूरी मुहिम के साथ सक्रिय है, जिनके द्वारा समय-समय पर हिंदू पर्व और ग्रंथो पर लगातार आपत्तिजनक टिप्पणी की जाती है। गीता पर टिप्पणी करने वाले इन दोनों कावड़ यात्रा को निशाना बना रहे हैं। पूरी तरह से संगठित रूप से सोशल मीडिया पर सक्रिय यह लोग एक ही तरह के पोस्ट एक साथ करते हैं, जिसमें शिव को प्रिय सावन मास में निकलने वाले कावड़ यात्रा को पाप का कारण बताया जा रहा है, और बेतुके तर्क देकर लोगों को दिग्भ्रमित किया जा रहा है। इसके लिए फर्जी दोहे और ग्रंथ के नाम का भी सहारा लिया जा रहा हैं ।लगातार इन्हीं के पोषित कुछ कथित पत्रकार समाचार पत्रों में भी बेहद आपत्तिजनक खबरें प्रकाशित कर रहे हैं। जिस पर विरोध दर्ज कराते हुए सनातनी हिंदू समाज बिलासपुर ने सिविल लाइन थाने में रिपोर्ट करते हुए ऐसे पोस्ट करने वाली ऋतु जैन, धनीराम यादव, विजयलक्ष्मी और अविनाश भोई के ऊपर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

कथित हिंदू नाम वाले लोग पूरी तरह से हिंदू और सनातन विरोधी है। उनके गुरु रामपाल ने तो बाकायदा सेना बनाकर सरकार से ही लड़ाई लड़ी थी जिसके कारण उसे जेल की हवा खानी पड़ी, आज भी वह देशद्रोह के आरोप में जेल में है। अब सुनियोजित ढंग से फर्जी संत रामपाल और उसके चेले लगातार सनातन पर प्रहार कर रहे हैं, जिससे आक्रोशित हिंदू समाज ने भी प्रतिरोध करना शुरू कर दिया है।




