अरपा नदी बिलासपुर वासियो के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। लेकिन वर्तमान में इसकी स्थिति दयनीय है। अरपा नदी दिन प्रतिदिन बदहाल ही नजर आ रही है। लगातार अरपा में गंदगी बढ़ती ही जा रही है। अरपा की सतह पर प्लास्टिक ही नजर आ रहे हैं। इसके साथ ही मोहल्ले का गंदा पानी भी अरपा नदी मे छोड़ा जा रहा है। जिसकी वजह से गंदगी और बढ़ गई है। आसपास के निवासियों का कहना है कि लगातार अरपा में गंदगी बढ़ने के कारण आसपास के इलाकों में बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। नल में कभी-कभी दूषित पानी आ रहे हैं। इसके साथ ही डेंगू मलेरिया आम बात सी हो गई है। इसके साथ ही पानी में बदबू आने की भी शिकायत रहती है। इसका प्रमुख कारण यह है कि अरपा में लगातार गंदगी बढ़ती जा रही है।

जिसकी वजह से आसपास के निवासी प्रभावित हो रहे हैं। निगम द्वारा हर साल अरपा के संरक्षण की योजनाएं बनाई जाती हैं। लेकिन यह योजनाएं एक ख्याली पुलाव बनकर रह गई है। इस पर अमल नहीं किया जा रहा है। अरपा में बढ़ती गंदगी की वजह से जल तो दूषित हो ही रहा है इसके साथ-साथ आसपास के निवासियों पर भी बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है। असली खतरा अरपा को प्लास्टिक से है। इसकी सतह पर प्लास्टिक की एक बड़ी परत जम चुकी है। अगर ऐसा ही चलता रहा तो 20 सालों में अरपा का अस्तित्व ही खत्म हो जाएगा। इसलिए इसे लेकर एक बड़े प्रयास की जरूरत है।




