देवरी खुर्द इलाके में पानी की समस्या कोई नई बात नहीं है। यह समस्या सालों से चली आ रही है और अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। खासतौर पर गर्मियों में यह परेशानी विकराल रूप ले लेती है, जिससे स्थानीय निवासियों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। देवरी खुर्द स्थित अटल आवास के रहवासी पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। स्थिति इतनी विकट हो चुकी है कि लोगों को मजबूरन दूसरे मोहल्लों से पानी लाना पड़ता है। लेकिन इसके बावजूद भी पानी की पूर्ति नहीं हो पाती, जिससे उनके दैनिक जीवन में भारी दिक्कतें आती हैं। पानी की इस किल्लत के कारण न केवल घरेलू काम प्रभावित हो रहे हैं, बल्कि स्वास्थ्य और स्वच्छता संबंधी समस्याएं भी बढ़ रही हैं। स्थानीय निवासियों के अनुसार, नव-निर्वाचित पार्षद की ओर से पानी के टैंकर भेजे जाते हैं। हालांकि, पानी की भारी मांग के मुकाबले ये टैंकर पर्याप्त नहीं हैं। पूरे इलाके में पानी की भारी कमी होने के कारण यह अस्थायी समाधान प्रभावी साबित नहीं हो रहा है। लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं मिल पा रहा, जिससे वे मुश्किल हालात में जीने को मजबूर हैं। पूर्व पार्षद द्वारा इलाके में पानी की समस्या को दूर करने के लिए टंकी का निर्माण कार्य शुरू कराया गया था। लेकिन चुनाव आ जाने के कारण यह कार्य पूरा नहीं हो सका और निर्माण कार्य अधर में लटक गया। अब, जब नया पार्षद चुना गया है, तो स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि यह अधूरा प्रोजेक्ट जल्द पूरा किया जाएगा और उनकी पानी की समस्या का समाधान होगा। पार्षद सूर्य किशोर राज से प्राप्त जानकारी के अनुसार, देवरी खुर्द इलाके में पानी की समस्या को देखते हुए चार करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इस बजट का उपयोग क्षेत्र में जल संकट को दूर करने के लिए किया जाएगा। हालांकि, यह कार्य कब और कैसे शुरू होगा, इस पर अभी कोई ठोस जानकारी नहीं दी गई है। फिलहाल, इलाके में पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है, और लोग बचा-बचाकर पानी का इस्तेमाल करने को मजबूर हैं। सुर्य किशोर राज (पार्षद वार्ड क्रमांक 43 स्थानीय निवासियों की मांग है कि पानी की टंकी का निर्माण कार्य जल्द से जल्द पूरा किया जाए और पाइपलाइन के माध्यम से हर घर तक जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए। पानी के टैंकर केवल अस्थायी समाधान हैं, और स्थायी समाधान के लिए व्यापक योजनाओं की आवश्यकता है। जब तक प्रशासन इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाता, तब तक देवरी खुर्द के लोग पानी की किल्लत से जूझते रहेंगे। अब देखना यह है कि सरकार और प्रशासन इस समस्या को कितनी गंभीरता से लेते हैं और कब तक देवरी खुर्द के लोगों को पानी की इस समस्या से राहत मिलेगी।


