
बिलासपुर सर्वदलीय एवं जन संगठनों के संयुक्त मंच, ने रेलवे क्षेत्र में संचालित पटाखा दुकानों को तुरंत अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। प्रतिनिधियों ने कहा कि वर्तमान में रेलवे क्षेत्र में चल रही ये दुकानें न केवल असुरक्षित हैं बल्कि आसपास के शैक्षणिक और धार्मिक स्थलों के लिए खतरा उत्पन्न कर सकती हैं। ज्ञापन में बताया गया कि पटाखा दुकान जिस स्थान पर संचालित हो रही हैं, उसके निकट काली मंदिर, बंगाली स्कूल, सेकेंडरी स्कूल, उडि़या स्कूल, जगन्नाथ मंदिर, बालाजी मंदिर और हिंदुस्तानी समाज का भवन स्थित है। त्योहारों के समय यहां भारी भीड़ एकत्र होती है, जिससे किसी भी दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है। प्रतिनिधियों ने कहा कि लगभग 80 पटाखा दुकानें इस क्षेत्र में संचालित हो रही हैं, जो जन सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय है। संगठनों ने नार्थ इंस्टीट्यूट के मैदान को पटाखा दुकानों के लिए अधिक उपयुक्त और सुरक्षित स्थान बताते हुए वहां स्थानांतरण की मांग की है। उनका कहना है कि यह क्षेत्र घनी आबादी से अलग है और दुर्घटना की स्थिति में नुकसान की संभावना बेहद कम रहती है। ऐसे में उत्सवों के समय भीड़ और ज्वलनशील सामग्री को देखते हुए यह क्षेत्र अधिक सुरक्षित साबित हो सकता है। प्रशासन से तत्काल कार्रवाई करने की अपील की गई है ताकि जन-जीवन, खासकर बच्चों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। प्रतिनिधियों ने कहा कि रेलवे क्षेत्र की व्यस्तता और स्थलों की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए पटाखा दुकानों का मौजूदा संचालन बिल्कुल उचित नहीं ठहराया जा सकता।




