
लाल बहादुर शास्त्री स्कूल मैदान में 48वां रावत नाचा महोत्सव भव्यता के साथ आयोजित हुआ, जिसमें मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सहित अनेक मंत्री, विधायक और जनप्रतिनिधि शामिल हुए। भगवान कृष्ण की छवि पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई और मुख्यमंत्री का पारंपरिक ढंग से स्वागत किया गया।मुख्यमंत्री साय ने रावत नाचा को छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक एकता और यदुवंशी परंपरा का प्रतीक बताया।

केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री अरुण साव, स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव सहित जनप्रतिनिधियों ने भी समाज की एकजुटता और 48 वर्षों की सांस्कृतिक धरोहर की सराहना की।मुख्यमंत्री पारंपरिक पोशाक में नर्तक दलों के बीच पहुंचे और ढोल–नगाड़ों की थाप पर कलाकारों के साथ झूमकर उत्साह बढ़ाया। उन्होंने कहा कि रावत नाचा की यह धरोहर आने वाली पीढ़ियों को संस्कृति और सामूहिकता से जोड़ती रहेगी।


