Homeहमर बिलासपुरवेतन वृद्धि रोके जाने से आहत शिक्षिका ने लगाई न्याय की गुहार...

वेतन वृद्धि रोके जाने से आहत शिक्षिका ने लगाई न्याय की गुहार जांच पर उठे सवाल, बोलीं– प्रशिक्षण में होने के बावजूद मुझ पर लगे आरोप

बिल्हा विकासखंड के शासकीय प्राथमिक शाला मटियारी में पदस्थ सहायक शिक्षिका श्रीमती सुपर्णा टेंगवार की एक वार्षिक वेतन वृद्धि ‘असंचयी प्रभाव’ से रोके जाने का मामला सामने आया है। शिक्षिका ने इस निर्णय से आहत होकर कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी को आवेदन सौंपते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराने और न्याय दिलाने की मांग की है।श्रीमती टेंगवार ने अपने आवेदन में बताया कि जिन आरोपों के आधार पर विभाग द्वारा कार्रवाई की गई, उस दौरान वे पांच दिवसीय एफएलएन प्रशिक्षण में सेमरताल में उपस्थित थीं। उनका कहना है कि उस अवधि से संबंधित उपस्थिति और प्रशिक्षण के प्रमाण भी उनके पास उपलब्ध हैं। इसके बावजूद बिना उनका पक्ष सुने एकपक्षीय आदेश जारी कर दिया गया, जिससे उन्हें मानसिक और सामाजिक रूप से ठेस पहुंची है।मामले में उस समय नया पहलू सामने आया जब ग्राम पंचायत मटियारी के कुछ जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों और विद्यार्थियों ने भी शिक्षिका के समर्थन में अपनी बात रखी। उनका कहना है कि स्कूल में वातावरण हमेशा सामान्य रहा है और शिक्षिका के व्यवहार को लेकर उन्हें कोई शिकायत नहीं रही। कुछ ग्रामीणों ने यह भी कहा कि मामले की पूरी सच्चाई सामने आने के लिए निष्पक्ष जांच आवश्यक है।श्रीमती टेंगवार ने प्रशासन से अनुरोध किया है कि पूरे प्रकरण की दोबारा जांच कराई जाए और यदि किसी प्रकार की गलतफहमी या त्रुटि हुई हो तो उसे दूर किया जाए। उन्होंने अपनी रोकी गई वेतन वृद्धि बहाल करने की मांग भी की है। फिलहाल यह मामला जिले के शिक्षा विभाग और प्रशासनिक स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments