
जिले में गैस सिलेंडरों की लगातार हो रही कालाबाजारी पर जिला प्रशासन और खाद्य विभाग प्रभावी नियंत्रण करने में नाकाम साबित हो रहे हैं। हालांकि मीडिया में खबर सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आया और कुछ स्थानों पर छापेमारी की कार्रवाई भी की गई, लेकिन हालात में अपेक्षित सुधार अब तक नजर नहीं आ रहा है।एनसीपी के प्रदेश अध्यक्ष ने इस मुद्दे पर चिंता जताते हुए कहा कि उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है, जिससे आम जनता परेशान है।

उन्होंने कहा कि मीडिया की सक्रियता के बाद खाद्य विभाग ने कुछ कार्रवाई जरूर की, लेकिन यह पर्याप्त नहीं है और इसे और गंभीरता से लेने की जरूरत है।उन्होंने प्रशासन को सुझाव देते हुए कहा कि सिलेंडर वितरण व्यवस्था को ब्लॉक, गांव और शहरी स्तर पर अलग-अलग मॉनिटर किया जाना चाहिए। साथ ही सभी गैस एजेंसियों और डीलरों से नियमित संपर्क बनाए रखकर आपूर्ति और मांग का सही डाटा तैयार किया जाना जरूरी है, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।

प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रशासन और खाद्य विभाग को और अधिक सतर्क और निष्पक्ष होकर काम करने की आवश्यकता है। यदि समन्वय के साथ ठोस कदम उठाए जाएं तो इस समस्या पर जल्द नियंत्रण पाया जा सकता है और गर्मी के इस मौसम में आम जनता को राहत मिल सकती है।




