
कारगिल युद्ध के हीरो और परमवीर चक्र विजेता कैप्टन योगेंद्र सिंह यादव बिलासपुर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने युवाओं को राष्ट्रप्रेम और जिम्मेदारी का संदेश दिया। कैप्टन यादव ने कहा कि एक सच्चा सैनिक कभी पदक के लिए नहीं लड़ता, बल्कि अपने कर्मों से देश की सेवा करता है। उन्होंने कहा मुझे कभी ऐसा नहीं लगा कि यह पदक मुझे मिलना चाहिए, मैं तो बस इतना चाहता हूं कि मेरे कर्मों से मेरे देशवासी चैन की नींद सो सकें और देश में शांति बनी रहे। उन्होंने युवाओं को संदेश दिया कि वे सोशल मीडिया की चमक-दमक से दूर रहकर अपने जीवन में सार्थक काम करने की कोशिश करें। कैप्टन यादव ने कहा कि आज के दौर में दिखावे की प्रवृत्ति बढ़ गई है, लेकिन सच्चा सुख सादगी और सच्चाई में है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे अपने कर्मों से देश का नाम रोशन करें और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लें। कार्यक्रम के दौरान कैप्टन यादव की बातें सुनकर उपस्थित लोग भावुक हो उठे। उनके प्रेरक विचारों ने युवाओं में नई ऊर्जा और जोश भर दिया। उन्होंने कहा कि देशभक्ति का अर्थ सिर्फ शब्दों या नारों में नहीं, बल्कि कर्मों से दिखाई देना चाहिए यही सच्चे राष्ट्रप्रेम की पहचान है।


