नगर एवं छत्तीसगढ़ प्रदेश के अद्वितीय त्रिदेव मंदिर श्री पीताम्बरा पीठ त्रिदेव मंदिर, सुभाष चौक, सरकण्डा, में रजत जयंती महोत्सव एवं चैत्र वासंत्र नवरात्र उत्सव के शुभ अवसर पर श्रीमद् देवी भागवत का संगीतमय भव्य आयोजन किया जाना है। यह धार्मिक आयोजन रविवार, 30 मार्च से रविवार, 06 अप्रैल तक चलेगा। पीठाधिश्वर आचार्य डॉ दिनेश महाराज ने बताया कि इस नौ दिवसीय महोत्सव में धर्मप्रेमी श्रद्धालु भक्तजन श्रीमद् देवी भागवत कथा का श्रवण कर सकेंगे। साथ ही, चैत्र वासंत नवरात्र के पावन अवसर पर श्री ब्रह्मशक्ति बगलामुखी देवी, श्री शारदेश्वर पारदेश्वर महादेव, परमब्रह्म मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम जी, श्री गणेशजी, श्री भैरव जी, श्री हनुमान जी और श्री मनोकामना अखण्ड घृत ज्योति कलश के दर्शन का लाभ प्राप्त कर सकेंगे। श्री पीताम्बरा पीठ त्रिदेव मंदिर ने सभी धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में सपरिवार एवं इष्ट मित्रों सहित भाग लेने का विनम्र अनुरोध किया है, ताकि वे देव-दुर्लभ मानव जीवन को सफल बना सकें। महोत्सव के प्रथम दिन, 30 मार्च को प्रातः 9 बजे चैत्र शुक्ल पक्ष प्रतिपदा के अवसर पर कलश यात्रा निकाली जाएगी। इसी दिन श्री मनोकामना घृत अखण्ड ज्योति कलश प्रज्ज्वलित किया जाएगा। साथ ही, ध्वजारोहण, श्री दुर्गासप्तशती पाठ एवं श्रीमद् दैवी भागवत पाठ का शुभारंभ होगा। इस अवसर पर प्रतिदिन ब्रह्म शक्ति बगलामुखी देवी का विभिन्न स्वरूपों में पूजन श्रृंगार किया जाएगा इसी कड़ी में प्रातः कालीन श्रीसूक्त षोडश मंत्र द्वारा दूधधारियापूर्वक पूजन श्रृंगार किया जाएगा। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी मनोकामना घृत ज्योति कलश 108 प्रज्वलित किए जाएंगे। महोत्सव के दौरान संगीतमय श्रीमद् दैवी भागवत कथा का आयोजन प्रतिदिन अपराह्न 2 बजे से किया जाएगा। सुप्रसिद्ध कथा व्यास आचार्य मुरारीलाल त्रिपाठी ‘राजपुरोहित मधुर वाणी से कथा का रसपान कराएंगे। परायण आचार्य के रूप में आचार्य चन्द्रहास त्रिपाठी उपस्थित रहेंगे।प्रतिदिन संध्या काल में संत-सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा, जिसमें विभिन्न आध्यात्मिक विषयों पर प्रवचन होंगे। महोत्सव के महत्वपूर्ण दिनों में, 05 अप्रैल शनिवार को चैत्र शुक्ल पक्ष महाअष्टमी के अवसर पर कन्या पूजन किया जाएगा। इसके पश्चात, 06 अप्रैल रविवार को चैत्र शुक्ल पक्ष महानवमी पर कन्या पूजन, विशाल भण्डारा एवं प्रसाद वितरण का आयोजन होगा। इसी दिन श्रीमद् दैवी भागवत कथा का विश्राम होगा और नवरात्रि महोत्सव का समापन होगा। पीठाधिश्वर आचार्य दिनेश महाराज ने बताया कि मां दुर्गा की हाथी पर सवारी की जाएगी। इस साल चैत्र नवरात्रि का पवित्र पर्व रविवार, 30 मार्च से शुरू हो रहा है, जो एक अत्यंत शुभ और मंगलकारी संयोग लेकर आ रहा है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, इस वर्ष मां दुर्गा की सवारी हाथी होगी और वे सोमवार, 7 अप्रैल को नवरात्रि के समापन पर भी हाथी पर सवार होकर ही प्रस्थान करेंगी।


