परिसीमन को लेकर आपत्ति करने सोमवार को कांग्रेस नेता कलेक्टर से मिले। इस दौरान कांग्रेसियों ने दावा आपत्ति की कॉपी कलेक्टर को सौंपा और उन्होंने परिसीमन को रद्द करने मांग की। कांग्रेसियों ने मांग पूरी न होने पर हाई कोर्ट जाने की बात कही है।



महापौर रामशरण यादव, पूर्व विधायक शैलेश पांडेय, शहर अध्यक्ष विजय पांडेय सहित अन्य नेता तय समय में कलेक्टर से मिलकर परिसीमन को लेकर लिखित में आपत्ति दर्ज कराई। सोमवार को आपत्ति करने की अंतिम तारीख थी। नगर निगम के वाडों के परिसीमन को लेकर कांग्रेस की जांच कमेटी को 40 से ज्यादा आपत्तियां मिली है।

जनहित में लिए गए निर्णय के तहत परिसीमन किया गया है। लोगों का कहना है कि कांग्रेसी हमेशा विरोधी करते हैं, वही काम अपने शासनकाल में करते हैं उसे ठीक बताते हैं जबकि भाजपा शासन काल में इसे नियम विरुद्ध बता रहे हैं। बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कांग्रेसी हर मुद्दे का विरोध करते हैं उन्हें जनहित से कोई लेना देना नहीं है जबकि परिसीमन नियम के तहत हुआ है और जनहित से जुड़ा हुआ है इससे सभी को लाभ होगा।

कांग्रेस नेताओं ने भौगोलिक क्षेत्रफल का ध्यान नहीं रखने, मतदाताओं की संख्या में काफी अंतर होने के साथ ही परिसीमन के कारण पता बदलने को लेकर शिकायत की है। इन शिकायतों के साथ ही अपनी जांच के आधार पर आपत्ति तैयार कर इसे कमेटी के नेता कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों की मौजूदगी में सोमवार को जिला निर्वाचन अधिकारी और कलेक्टर को सौंपा।



