शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण के खिलाफ सर्व शिक्षक संघ ने मोर्चा खोल दिया है, संघ का कहना है कि शासन पहले पदोन्नति और स्थानांतरण कर ले उसके बाद आवश्यकता पड़ने पर युक्तियुक्तकरण करें, इसके लिए उन्होंने शासन को सुझाव देते हुए कहा है कि प्रदेश में ऐसे हजारों शिक्षक हैं, जो अपने गृह जिले के किसी भी एकल शिक्षकीय या शिक्षक विहीन शाला में आने के लिए तैयार हैं।

शासन एकल शिक्षकीय और शिक्षकविहीन स्कूलों की सूची जारी कर दे और शिक्षकों से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित करवा ले तो बहुत से स्कूल 10 दिनों के अंदर ही भर जाएंगे, इसी प्रकार पदोन्नति में भी शिक्षक उन सभी स्कूलों में जाने के लिए तैयार हैं पर शासन ऐसा करने के बजाय जानबूझकर शिक्षकों को परेशान करने पर उतारू है, संघ के पदाधिकारी ने बताया कि शासन को सोचना चाहिए कि युक्तियुक्तकरण के बाद पदोन्नति और स्थानांतरण करने से वह स्कूल फिर से खाली हो जाएंगे जहां वह अभी शिक्षक नियुक्त करना चाहती है। शिक्षक संघ ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौपा है।



