धार्मिक प्रतीक चिन्ह को क्षतिग्रस्त किए जाने से नाराज सतनामी समाज ने प्रदर्शन के दौरान सोमवार को बलौदाबाजार में कलेक्ट्रेट और एसपी कार्यालय को आग के हवाले कर दिया। इस दौरान उपद्रवियों ने गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई और आगजनी भी हुई । मुख्यमंत्री ने आरोपियों के गिरफ्तारी के आदेश दिए हैं।
15 मई की देर रात सतनामी समाज के धार्मिक स्थल गिरोधपुरी धाम से करीब 5 किलोमीटर मानाकोनी बस्ती स्थित बाघिन गुफा में लगे धार्मिक चिन्ह जैतखाम को क्षतिग्रस्त कर दिये जाने के विरोध में उपद्रवियों ने सोमवार को जमकर उपद्रव किया। इन लोगों ने कलेक्ट्रेट में खड़ी गाड़ियों में तोड़फोड़ की और फिर पथराव शुरू कर दिया। इसी दौरान उपद्रवियों ने गाड़ियों, कलेक्ट्रेट और एसपी भवन को आग के हवाले कर दिया। इस झड़प में कई पुलिसकर्मी घायल भी हुए। दर्जनों चार पहिया और दो पहिया वाहन जलकर खाक हो गए। कलेक्टर और एसपी दफ्तर में भी आग से लाखों रुपए का नुकसान हुआ तो वहीं कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी जलकर राख हुए हैं। घटना के बाद मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने उपद्रवियों को गिरफ्तार करने के आदेश दिए हैं।



उपद्रवियों ने करीब 100 बाइक और 30 से अधिक कार को नुकसान पहुंचाया है। जगह-जगह लगे सीसीटीवी कैमरे भी तोड़ दिए गए। घटना में 25 से ज्यादा पुलिसकर्मी और प्रशासनिक कर्मचारी घायल हुए हैं। हालांकि जैतखाम को नुकसान पहुंचाने के मामले में पुलिस तीन लोगों को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है लेकिन समाज दावा कर रहा है कि यह असली आरोपी नहीं है। पुलिस ने इस मामले में बिहार में रहने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में पता चला कि नल जल योजना कार्य में ठेकेदार द्वारा पैसे नहीं देने पर गुस्साये इन लोगों ने शराब के नशे में यह हरकत की थी। हालांकि उपमुख्यमंत्री के साथ हुई बैठक में समाज ने किसी भी उग्र आंदोलन से इनकार किया था लेकिन अब यह आंदोलन अराजक तत्वों के हाथ चला गया है। बताया जा रहा है कि पुलिस की वर्दी में पहने हुए कुछ लोगों ने जमकर उपद्रव किया।



सोमवार को दशहरा मैदान में शांतिपूर्ण प्रदर्शन चल रहा था कि अचानक भीड़ उग्र हो गई और हजारों लोग कलेक्टर परिसर में घुसकर तोड़फोड़ करने लगे, जो सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं। एसपी सदानंद कुमार ने बताया कि समझाने पर भी लोग नहीं माने और बेकाबू हो गए। इसके बाद पथराव शुरू हो गया। फिर देखते ही देखते बिल्डिंग को आग लगा दी। शहर में भी कुछ जगह उपद्रव की खबर है। पुलिस का कहना है की पूरी घटना की वीडियो ग्राफी और फोटोग्राफी कराई गई है जिसके जरिए उपद्रवियों की पहचान की जाएगी और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। सतनामी समाज के गुरु रुद्र कुमार ने कहा कि गुरु घासीदास ने शांति का मार्ग बताया है इसलिए उनके अनुयायियों को इस तरह उग्र प्रदर्शन नहीं करना चाहिए।




