शासकीय नर्सिंग महाविद्यालय की ओर से शुरू की गई सीपीआर जागरूकता विशेष मुहिम पर एक दिवसीय जोनल स्टेशन बिलासपुर में भी जनजागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान नर्सिंग कॉलेज की विद्यार्थियों द्वारा डमी पुतले को जमीन में लिटाकर समझाए जा रहे विशेष बातों को समझने स्टेशन में यात्रियों से लेकर स्टॉल संचालक एवं रेलकर्मियों की भीड़ जुट गई। गौरतलब हो कि सीपीआर यानी कि कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन एक आपातकालीन उपचार है। जिसे तब किया जाता है जब किसी की सांस या दिल की धड़कन रुक जाती है। सीपीआर से किसी की जान बच सकती है।


सीपीआर अवेयरनेस बढ़ाने के लिए, कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। जैसा कि सोमवार को रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नम्बर एक मे शासकीय नर्सिंग महाविद्यालय की ओर से किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित शासकीय नर्सिंग कॉलेज की प्राचार्या मिसेस वर्तिका ने बताया कि कार्डियोपल्मोनरी रेसीटेशन सीपीआर जागरूकता कार्यक्रम का मकसद दिल के दौरे के बढ़ते मामलों को संबोधित करना और एक ज़्यादा सूचित और तैयार समाज बनाना है। सीपीआर जागरूकता अभियान का मकसद, सीपीआर के कौशल को मज़बूत करना और कार्डियक अरेस्ट की आपात स्थिति में लोगों की इच्छा पर भी ज़ोर देना है। कार्यक्रम के दौरान स्टेशन में नर्सिंग कॉलेज के शिक्षक, प्राचार्य और बड़ी संख्या में नर्सिंग विद्यार्थी मौजूद रहे।






