आरटीओ कार्यालय का कामकाज पूरी तरह ऑनलाइन है, जिसका सालाना ऑडिट होता है।इसी तरह महालेखाकार रायपुर से आई दो सदस्यीय टीम ने पूरे कामकाज का अवलोकन किया।वाहनों का लाइसेंस, परमिट, टैक्स सहित सभी एंट्री की टीम ने जांच की।गौरतलब है कि वर्ष 2013 से आरटीओ का कामकाज ऑनलाइन हुआ है।क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी आनंद रूप तिवारी ने बताया कि टीम के द्वारा मांगी गई सभी जानकारी एवं दस्तावेज के साथ ही रिकॉर्ड उन्हें उपलब्ध करा दिए गए हैं, जिससे ऑडिट कर रिपोर्ट शासन को जल्दी सबमिट करेंगे।


आरटीओ का कामकाज जब पहले मैन्युअल होता था, तब गड़बड़ियां ऑडिट के समय सामने आती थी. दरअसल ऑडिट एक तरह से किसी भी विभाग के कामकाज करने के तरीकों को टटोलना होता है,कि उनके द्वारा कार्य सही तरह से किया जा रहा है कि नहीं।बहरहाल आगामी कुछ दिनों तक यह ऑडिट कार्य चलेगा।





