
बिलासपुर में भाजपा नेता की हत्या की सुपारी मामले में पुलिस के सनसनीखेज खुलासे के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। हत्या की साजिश के टारगेट रहे भाजपा पार्षद और MIC सदस्य बंधु मौर्य ने सीधे आरोपी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि एक छोटे से दुकान विवाद को जानलेवा साजिश में बदल दिया गया। उन्होंने दावा किया कि आरोपी लंबे समय से गलत गतिविधियों में शामिल रहा है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है।पार्षद बंधु मौर्य ने कहा कि दुकान खाली कराने की बात से नाराज होकर साजिश रची गई और सुपारी तक दे दी गई, जो बेहद गंभीर है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी नारियल व्यापार की आड़ में अवैध कारोबार करता था, इसलिए उसकी संपत्ति और पिछले वर्षों की आय की जांच होनी चाहिए।

मौर्य ने साफ कहा कि ऐसे लोगों की वजह से राजनीति की छवि खराब होती है और उन्हें संगठन में जगह नहीं मिलनी चाहिए।इधर भाजपा पार्षद जय वाधवानी ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह राजनीतिक नहीं बल्कि आपसी रंजिश का मामला है। उन्होंने कहा कि कानून से बड़ा कोई नहीं होता और जो भी दोषी होगा, उसे सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए, चाहे वह किसी भी दल से जुड़ा हो।पुलिस खुलासे के बाद अब पूरे मामले ने राजनीतिक और सामाजिक दोनों स्तर पर हलचल बढ़ा दी है। बंधु मौर्य ने संकेत दिए हैं कि वे पार्टी और प्रशासन दोनों स्तर पर कार्रवाई की मांग उठाएंगे, जबकि जय वाधवानी ने साफ किया कि कानून अपना काम करेगा और दोषियों को किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।




