
बिलासपुर में आस्था और परंपरा का सबसे बड़ा पर्व… आदर्श दुर्गा उत्सव समिति का 50वां स्वर्ण जयंती वर्ष इस बार बेहद खास बन गया है। भव्य पंडाल, शानदार सजावट और लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ तो है ही, लेकिन आयोजन में जब शहर के प्रतिष्ठित व्यवसायी मंजीत सिंह गुम्बर अपने पूरे परिवार के साथ और प्रदेश क्रेडा के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ बीजेपी नेता भूपेंद्र सवन्नी पहुंचे, तो मानो आयोजन की शान और भी बढ़ गई। आइए देखते हैं ये खास रिपोर्ट। पचास वर्षों की परंपरा… और भक्ति-भव्यता का अद्भुत संगम। इस बार समिति ने पंडाल को महारानी का दरबार थीम पर सजाया है। विशाल प्रवेश द्वार, चमचमाती लाइट्स और आकर्षक तोरण से सजे इस परिसर में कदम रखते ही श्रद्धालु भक्ति के सागर में डूब जाते हैं। अंदर स्थापित 25 फीट ऊँची माँ दुर्गा की भव्य प्रतिमा हर किसी को मंत्रमुग्ध कर रही है।नवरात्रि के नौ दिनों तक यहाँ भक्ति और मनोरंजन का अनूठा मिश्रण देखने को मिलेगा। जगराता, नृत्य-संगीत, सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, वाटर शो और लाइट शो से पूरा इलाका जगमगाने वाला है। खास बात यह है कि इस बार न सिर्फ़ स्थानीय कलाकार बल्कि बाहरी डिज़ाइनरों और मूर्तिकारों ने भी पंडाल को सजाने में अहम भूमिका निभाई है।आयोजन के बीच जब प्रदेश के प्रतिष्ठित व्यवसायी और जी न्यूज के संचालक मंजीत सिंह गुम्बर अपने परिवार के साथ पहुँचे, तो पूरा पंडाल मानो स्वागत के रंग में रंग गया। गुम्बर फैमिली ने न सिर्फ़ पंडाल की भव्य सजावट की तारीफ की बल्कि माँ दुर्गा के चरणों में माथा टेककर आशीर्वाद भी लिया। उनकी मौजूदगी ने आयोजन में चार चाँद लगा दिए।बिलासपुर के सामाजिक सांस्कृतिक आयोजनों में सक्रिय गुम्बर परिवार हमेशा की तरह इस बार भी आस्था और परंपरा के इस संगम में अग्रणी भूमिका निभाते नज़र आया।इसी क्रम में आयोजन की भव्यता को और ऊँचाई दी छत्तीसगढ़ राज्य अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ बीजेपी नेता भूपेंद्र सवन्नी ने।समिति की ओर से विशेष आमंत्रण पर पहुँचे प्रदेश क्रेडा के अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी ने पंडाल का भ्रमण किया,माँ दुर्गा के दर्शन किए और समिति के 50 वर्षों के इस गौरवशाली सफर को पूरे शहर के लिए गर्व की बात बताया।भूपेंद्र सवन्नी की मौजूदगी ने आयोजन की गरिमा को और बढ़ा दिया। उन्होंने श्रद्धालुओं से संवाद किया और कहा कि आदर्श दुर्गा उत्सव समिति केवल धार्मिक मंच नहीं बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक धरोहर का जीवंत उदाहरण है। उनके शब्दों ने आयोजन की महत्ता को और गहराई से महसूस कराया। आस्था, भक्ति और सामाजिक एकता का प्रतीक यह आयोजन इस बार और भी खास बन गया है। एक ओर भव्य पंडाल और 25 फीट ऊँची प्रतिमा श्रद्धालुओं का मन मोह रही है, तो दूसरी ओर गुम्बर फैमिली और सवन्नी फैमिली की मौजूदगी ने इस स्वर्ण जयंती पर्व को ऐतिहासिक बना दिया है। यह केवल दुर्गा पूजा नहीं बल्कि शहर की पहचान, संस्कृति और गौरव का उत्सव बन चुका है।


