अपराध पीड़ित महिलाओं एवं शहीद के परिवार वालों को रोजगार के लिए भटकना नही पड़ेगा। दरअसल एसपी रजनेश सिंह ने अपराध पीड़ितों एवं शहीदों के परिवार के लिए पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप में ही रोजगार के अवसर प्रदान किये है। पम्प में महिलाओं को रोजगार देकर इसकी शुरुआत भी कर दी गयी है।

प्रदेश में पहली बार लॉ एंड ऑर्डर की जिम्मेदारी सम्भालने वाले कोई अफसर ने अपराध पीड़ित महिलाओं एवं शहीद के परिवारों के लिए गंभीरता दिखाई है। उनका नाम है आईपीएस रजनेश सिंह। जी हां हम बात कर रहे है बिलासपुर जिले के एसपी रजनेश सिंह की जिन्होंने तरह तरह के मुहिम चलाकर बढ़ते अपराधों पर अंकुश लगाने के साथ सबके हितों पर भी गंभीरता से ध्यान रखा है। खासकर अपराध पीड़ित महिलाओं एवं शहीदों के परिवार वालों के लिए गंभीरता दिखाई और उन्हें स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य से बिलासपुर पुलिस लाइन स्थित पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप में उन्हें रोजगार देने के अवसर प्रदान किया।

एसपी रजनेश सिंह ने कहा कि ऐसी महिलाएं जो किसी ना किसी मामले में पीड़ित रही हैं। उनके सामने रोजी रोटी को लेकर किसी तरह की कोई दिक्कत ना हो उसको ध्यान में रखकर बिलासपुर पुलिस की ओर से ऐसी व्यवस्था की जा रही है।वर्तमान में 4 महिलाएं अपना मोर्चा भी सम्भाल चुकी है। इसके साथ ही अन्य महिलाओं के आवेदन आ रहे है। अनुभव एवं वरिष्ठता के आधार पर उनका चयन किया जाएगा।पहले पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप में पुलिस वालों के रिश्तेदार काम कर रहे थे जिन्हें हटा दिया गया है। उनकी जगह अब अपराध पीड़ित महिलाओं एवं शहीद के परिवार वालों को रोजगार के अवसर प्रदान किये जा रहे है। एसपी रजनेश सिंह ने कहा की जल्द ही यहां शासकीय तनख्वाह पर एक शिफ्ट में सुबह से शाम तक केवल महिलाएं ही काम करती नजर आने वाली है।

छत्तीसगढ़ में पहली बार बिलासपुर जिले के एसपी रजनेश सिंह की पहल पर अपराध पीड़ित महिलाओं एवं शहीद के परिवार वालों को पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप पर रोजगार के अवसर दिए जा रहे है।इसकी सराहना भी अब तो देश प्रदेश में हो होने लगी है। बकायदा इसकी मोनिटरिंग भी खुद एसपी कर रहे है और अपने मातहत को पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप में रोजगार देने को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश जारी कर रहे है।



