रविवार के दिन कोरी डेम में जुआरियों की बड़ी महफिल सजी थी।हालांकि बदकिस्मती से इसकी इसकी भनक पुलिस को लग गयी जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस बल ने 22 जुआरियों को दौड़ा दौड़ा कर धर दबोचा। पकड़े गए जुआरियों में सकरी पार्षद अमित भारते, तखतपुर जनपद सदस्य शिवेंद्र कौशिक समेत बिलासपुर के दर्जनभर से अधिक रसूखदार भी शामिल है। इनके पास से नगदी तीन लाख 49 हजार रूपये, सात कार, 33 नग मोबाइल भी जब्त किया गया।

रविवार को पुलिस अधिकारियों को सूचना मिली कि कोरी डेम के किनारे कई जुआरी एकत्रित हुए हैं, जहां पर लाखों का जुआ चल रहा है। इस पर एसडीओपी कोटा नुपूर उपाध्याय एवं कोटा पुलिस को मौके पर भेजा गया। मौके पर पुलिस पहुंची तो वहां जुआरियों के चार फड़ लगे हुए थे। पुलिस को देख जुआरी भागने लगे। पुलिस ने उन्हें दौड़ाकर पकड़ा। इस दौरान पुलिस के हाथ 22 जुआरी लगे, जिसमें पार्षद एवं जनपद सदस्य भी शामिल है। पुलिस ने फड़ से नगदी रकम 3 लाख, 49 हजार, 215 रुपये बरामद किए, साथ ही जुआरियों से 7 कार और 22 मोबाइल जब्त किए गए हैं। बताया जा रहा कि पुलिस को देख जुआरी भागने लगे, पुलिस ने घेराबंदी की। इसके बावजूद कुछ जुआरी इधर-उधर से भाग निकले। कुछ जुआरी डेम के पास बने सिंचाई विभाग की बिल्डिंग के बाउंड्री वाल पर चढ़कर भागने की कोशिश करने लगे। पुलिस ने उन्हें पकड़-पकड़कर नीचे खींचा और थाने ले गई। जिसके बाद कुछ जुआरियों को छोड़ने के लिए पुलिस अधिकारियों के फोन भी घनघनाते रहे, लेकिन पुलिस ने सभी को अनदेखा करते हुए जुआरियों पर कार्रवाई की।


इस दौरान यह भी चर्चा होती रही कि जुआरियों की महफिल सरकारी रेस्ट हाउस में जमी हुई थी, जहां पर कई जनप्रतिनिधि और राजनैतिक दल के पदाधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा कई रसूखदार लोग भी मौके पर मौजूद रहे। हालांकि, पुलिस इसकी पुष्टि नहीं कर रही। पुलिस की माने तो जुआ सिंचाई विभाग की बिल्डिंग के पास चल रहा था।कोरी डेम की बात करें या जिले के अन्य सार्वजनिक एवं पिकनिक स्पाट की, यहां अवकाश के दिन लोग अपने परिवार के साथ समय व्यतीत करने जाते हैं।


लेकिन, इसी दिन का चुनाव कुछ जुआरी भी करते हैं और खुलेआम जुआ एवं सट्टा खेलते हैं। इसके बावजूद पुलिस इसे गंभीरता से नहीं लेती और कई दफा जानबूझकर अनदेखा कर देती है। जुआरियों के पकड़े जाने के बाद यह चर्चा जोरों से चलती रही कि यहां लाखों का जुआ चल रहा था। लेकिन, पुलिस ने केवल साढ़े 3 लाख रूपये ही जब्त किए। जिसके बाद इस कार्रवाई को लेकर संदेह जाहिर किया जाता रहा। पुलिस ने यह कार्रवाई शाम में की लेकिन इसकी जानकारी देने में आधी रात हो गई। जुआरियों को पकड़ने के लिए पुलिस बस लेकर पहुंची थी, जिसमें पुलिस ने जुआरियों को बैठाया। कुछ रसूखदार बस में बैठने के लिए भी अपनी पहुंच-पकड़ का दावा करते रहे, लेकिन पुलिस ने उनकी एक ना सुनी और बस में ठूंसकर थाने ले गई।




