छत्तीसगढ निःशक्त अधिकारी कर्मचारी कल्याण संघ संस्थापक सदस्य सलाहकार विज्ञप्ति के माध्यम से वित्त विभाग छत्तीसगढ शासन से मांग करते हुए बताया कि वर्ष 1988 से दैनिक वेतन भोगी कार्यरत कर्मचारियों को वर्ष 2004 के बाद नियमित सेवा पर लेकर नियमितिकरण किया गया, सेवा निवृत्ती पर न्यूनतम पेंशन 7750 पर तय किया गया जो दस वर्ष सेवा काल से अधिक किए है उनका भी न्यूनतम पेंशन गणना उचित नहीं है। आज की स्थिति में श्रमिक के वेतन से भी कम है, कर्मचारियों ने बताया पुराना कार्य काल के आधार पर पेशन नहीं दिया जा रहाँ है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि कम से कम नियमित हुए दस वर्ष सेवा काल से अधिक है उन्हें पेंशन वृध्दि दर में संशोधन कर सेवा काल का पेंशन दिया जाना चाहिए।





