
बिलासपुर पुलिस ने एन.डी.पी.एस. एक्ट की धारा 68-एफ के तहत कांति पांडे और दीपक गंडा जैसी आरोपियों की अवैध संपत्तियों को चिन्हित कर फ्रीज किया। आरोपियों ने नशे के अवैध कारोबार से अर्जित धनराशि से संपत्ति खरीदी थी।कांति पांडे, निवासी चोरभट्ठी खुर्द के खिलाफ एन.डी.पी.एस. के 3 प्रकरण दर्ज हैं। उन्होंने ₹15 लाख का मकान और ₹21 लाख की जमीन खरीदी थी। दीपक गंडा, निवासी कोडपल्ला, ओडिशा के पास से अवैध गांजा बिक्री की ₹2.50 लाख नकदी जब्त की गई।

पुलिस ने 50 दिनों के भीतर संपत्तियों की पहचान कर उन्हें फ्रीज कर दिया। फ्रीज की गई संपत्तियों की कुल अनुमानित बाजार कीमत लगभग ₹38.50 लाख है और इन्हें SAFEMA न्यायालय, मुंबई को भेजा गया।बिलासपुर जिले में अब तक कुल 7 प्रकरणों में 19 व्यक्तियों की अवैध संपत्तियाँ चिन्हित और फ्रीज की जा चुकी हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹7.40 करोड़ है। इस कार्रवाई में उप निरीक्षक सुरेंद्र तिवारी के उत्कृष्ट योगदान पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने उन्हें नगद पुरस्कार से सम्मानित किया।


