मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के अंतर्गत स्कूल के कमरे और भवन निर्माण के लिए स्वीकृत कार्य की दुर्गति हो गई है। शिक्षा विभाग और निर्माण एजेंसियों की लापरवाही के चलते स्कूल भवन अब भी अधूरे हैं। चंद दिनों बाद नया शिक्षा सत्र शुरू हो रहा है और बच्चों की बैठने के लिए स्वीकृत कक्षों का निर्माण अब तक शुरू नहीं हुआ है, शिक्षा के अधिकार के तहत मांगी गई जानकारी में यह खुलासा हुआ है।



मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के अंतर्गत बिलासपुर, बिल्हा, कोटा, तखतपुर, मल्हार, बोदरी और रतनपुर शिक्षा ब्लॉक में कुल 896 भवन बनाए जाने थे, बिलासपुर नगर निगम में ही 46 भवन की स्वीकृति हुई थी, जिसमे से 26 भवन अब तक बनने शुरू भी नही हुए, वही सातों ब्लॉक में 896 रूम स्वीकृति हुए थे, जिनमें से 87 भवन का निर्माण कार्य आज तक शुरू नही हुआ है। शिक्षा विभाग और निर्माण एजेंसी कि लापरवाही के चलते इस वर्ष भी बच्चों को बैठने के लिए पर्याप्त रूम नहीं मिल पाएंगे, ठूस-ठूस कर इस वर्ष भी बैठकर पढ़ाई करना इनकी नियती बन गई हैं।




