शेयर ट्रेडिंग में मुनाफा का लालच देकर महिला डॉक्टर से लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। सिम्स में पदस्थ महिला डॉक्टर को ठगों ने शोशल मीडिया के माध्यम से शेयर मार्केट में निवेश के लिए फंसाया और 9 लाख 80 हजार रुपये की ठगी की।कोतवाली पुलिस अपराध दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।

सिम्स में पदस्थ डॉ. सोनल पटेल ने थाना उपस्थित होकर शिकायत दर्ज करते हुए बताया कि उनके इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर ट्रेडिंग के लिए लिंक आया था। इसे ओपन करने पर जालसाजों ने उन्हें एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ दिया। ग्रुप से जुड़े लोगों ने उन्हें शेयर ट्रेडिंग के लिए उकसाया। मुनाफे के लालच में आकर उन्होंने नौ जुलाई को थोड़े रुपये निवेश कर दिए। इसमें उन्हें दोगुना से ज्यादा मुनाफा हुआ। फिर और रुपये निवेश करने के लिए कहा गया। इस पर डॉक्टर ने चार बार में नौ लाख 80 हजार रुपये निवेश कर दिए। 10 दिन में ही उनकी रकम वेबसाइट पर दोगुना से अधिक दिखाने लगा। उन्होंने अपने रुपये निकालने की कोशिश की, तो जालसाजों ने बहाना करते हुए और रुपये निवेश करने के लिए कहा। इसके बाद डॉक्टर को धोखाधड़ी का एहसास हुआ और वे मदद के लिए थाना सिटी कोतवाली पुलिस के शरण पर पहुंच गई।

बहरहाल साइबर अपराध को रोकने के लिए पुलिस और बैंकों की ओर से लगातार जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।इसके बाद भी अपराध में कमी नहीं आ रही है। गौर करने वाली बात यह है कि इस जाल में पढ़े लिखे लोग भी फंस रहे हैं। ऐसा ही हाल हुआ है सिम्स में पदस्थ डॉक्टर के साथ जिसने शेयर मार्केट में ट्रेडिंग के नाम पर तकरीबन 10 लाख रुपये गंवा दिए। फिलहाल जी न्यूज भी आप सभी से अपील करता है कि सजग रहिए सुरक्षित रहिए खासकर अनजान लोगों द्वारा इनाम का लालच दिए जाने पर भरोसा ना करें। ऑनलाइन रकम मांगे जाने पर लेनदेन ना करें। लुभावने ऑफर और सस्ते दाम पर मिलने वाले सामान की खरीदारी नगद या कैश ऑन डिलीवरी में करें। अनजान व्यक्ति के साथ बैंकिंग जानकारी, ओटीपी, आधार कार्ड, पैन कार्ड फोटो आदि शेयर भी ना करें। साथ ही कोई भी अनजान वेबसाइट या अनाधिकृत एप अपने मोबाइल/लैपटॉप पर डाउनलोड या सर्च करने से बचें। खासकर कम परिश्रम से अधिक लाभ कमाने या रकम दोगुना करने का झांसा देने वाले व्यक्तियों से सावधान रहें। अपनी पहचान छुपाकर सोशल मीडिया फेसबुक, इंस्टाग्राम, वाट्सएप से अश्लील चैटिंग करने से बचें। परीक्षा में अधिक अंकों का झांसा देने वाले व्यक्तियों, खासकर प्लस 92 नंबरों से होने वाले काल से बचें।क्योंकि शासकीय या गैर शासकीय कोई भी सम्बन्धित संस्थान इस तरह के झांसे नही देते।


