थाना सरकंडा में पदस्थ एक हवलदार की उसके घर से कुछ दूरी पर पेड़ में फांसी के फंदे पर लटकती हुई लाश मिली है। पुलिस ने लाश को अपने कब्जे में लेकर परिजनों की उपस्थिति में पोस्टमार्टम कार्यवाही कर मामले को विवेचना में लिया है वहीं मृतक के परिवार वाले मौत का जिम्मेदार सरकंडा पुलिस को बता रहे हैं।
सिम्स मर्च्युरी शव का पोस्टमार्टम कराने पहुंचे मृतक हवलदार के परिजनों ने बताया कि लखन मेश्राम वर्ष 2022 से थाना सरकंडा में हवलदार के पद पर पदस्थ थे। जो गुरुवार की रात 11 बजे से घर से लापता थे।जिनकी लाश घर से कुछ दूरी पर पेड़ से लटकती हुई पाई गई। मृतक के बेटे ने मौत का जिम्मेदार सरकंडा पुलिस को बताते हुए कहा कि मृतक लखन मेश्राम लंबे समय से सरकंडा थाने के कामकाज से परेशान थे। यही वजह है कि उन्होंने फांसी लगाकर अपने जीवन को समाप्त कर लिया।वहीं एसडीओपी ने इस मामले में किसी तरह का कोई संदेह जाहिर नही किया बल्कि उन्होंने बताया कि वे विगत दो वर्षों से थाना सरकंडा में कार्यरत थे। कामकाज और विवेचना गंभीरता से करते थे।एसडीओपी ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्यवाही की जाएगी।

इस पूरे मामले में गौर करने वाली बात यह भी है कि मृतक पुलिस विभाग के प्रधान आरक्षक के शव का पोस्टमार्टम कार्यवाही पुलिस ने सुबह सुबह ही करवा दिया। जबकि यही मामला अगर आमजन से जुड़ा होता तो सिम्स के डॉक्टर मृतक के शव का पोस्टमार्टम करने में पूरा दिन लगा देते। इसलिए भी सरकंडा पुलिस शक के दायरे में आ है।फिलहाल पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर वैधानिक कार्यवाही करने की बात कही जा रही है। हवलदार की मौत के पीछे परिजनों ने कामकाज के दौरान होने वाले मानसिक तनाव का जिक्र किया, जिसे हवलदार शायद सह नहीं पाए और उन्होंने खुदकुशी कर ली।





