जीआरपी एंटी क्राइम टीम ने 18 किलो गांजा के साथ एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। सुरक्षा अमले को चकमा देने उसने फोर्स का यूनिफार्म और बैग रखा था। पकड़े जाने पर खुद को मुंबई पुलिस में स्पेशल टास्क फ़ोर्स का जवान बताया। इससे पहले भी उसे टीम 10 किलो गांजा के साथ पकड़ चुकी है।

पुलिस महानिदेशक एवं रेल एसआरपी के निर्देशन बिलासपुर जीआरपी एंटी क्राइम टीम लगातार रेलवे स्टेशन और ट्रेनों की जांच कर अपराध पर नियंत्रण का प्रयास कर रही है। टीम के सदस्य इस प्रयास में सफल भी हो रहे हैं। टीम के सदस्य आरक्षक मन्नू प्रजापति, संतोष राठौर, सौरभ नागवंशी, लक्ष्मण गाइन स्टेशन में रात्रिकालीन गश्त कर रहे थे। जांच के दौरान प्लेटफार्म क्रमांक 2 और 3 रायपुर छोर की तरफ एक व्यक्ति नजर आया। जिस पर संदेह हुआ। वह नजदीक गए और सामान्य पूछताछ की गई। उसने अपना नाम कल्पेश पाटिल निवासी धुली मुंबई निवासी बताया। यात्रा के संबंध में जानकारी लेने पर उसने बताया कि वह मुंबई जा रहा है। वह मुंबई पुलिस में स्पेशल टास्क फ़ोर्स में हैं। तभी टीम ने उसे पहचान लिया।

इससे पहले उसे अप्रैल में गांजा के साथ पकड़ा गया था। लिहाजा टीम के सदस्यों ने उसके पास रखे बैग की तलाशी ली। बैग के अंदर से 18 किलो ग्राम गांजा बरामद हुआ। इस पर उसे गिरफ्तार कर जीआरपी थाने लाया गया। यहां पूछताछ पर उसने बताया कि पूर्व में गांजा तस्करी के मामले में जेल गया था। बाद में जमानत पर छूट गया। जीआरपी ने आरोपित के खिलाफ 20 बी एनडीपीएस के तहत अपराध पंजीबद्व कर लिया है। आरोपित गांजा को ओड़िशा से खरीदकर लाया था और मुंबई खपाने के लिए लेकर जा रहा था। पूछताछ में यह बात सामने आई कि वह आदतन गांजा तस्कर है। इस अवैध कारोबार में लंबे समय से जुड़ा हुआ है।


